एफ ए क्यू (अक्सर पूछे जानेवाले प्रश्न)

कॉक्लिअर इम्प्लांट क्या है ?

कॉक्लिअर इम्प्लांट यह एक प्रोस्थेस्टिक उपकरण है, जिसकी सर्जरी द्वारा भीतरी कर्ण के कॉकलिआ में रोपण किया जाता है। जिन बच्चों एवं युवकों को दोनों कानो में तीव्र से लेकर अति तीव्र श्रवण दोष है तथा जिनको निम्न गति (स्लोपिंग) श्रवण दोष है और श्रवण यंत्र से कोई लाभ नहीं होता है, परंतु जिनकी श्रवण नसें सही रुप से कार्यरत है उन्हें कॉक्लिअर इम्प्लांट का लाभ होता है ।

जिस तरह श्रवण यंत्र, आवाज को बढ़ाकर कान में पहुंचाने में मदद करता है उसी तरह कॉक्लिअर इम्प्लांट कान के कॉकलिया के नसों तक विद्युतीय उत्तेजना को सीधा पहुंचाने में सहायता करता है।


मेरे बच्चे को श्रवणयंत्र (यंत्रों) से अधिक लाभ नहीं मिलता । क्या उसके लिए कॉक्लिअर इम्प्लान्ट बेहतर है ?

यह कहना बहुत ही कठिन है कि हरेक बच्चे को कॉक्लिअर इम्प्लान्ट से कितना लाभ होता है । हरेक बच्चा अलग होता है । कॉक्लिअर इम्प्लान्ट मूल्यांकन के दौरान ऑडियोलॉजिस्ट एवं या कॉक्लिअर इम्प्लान्ट सर्जन आपको वास्तविक अपेक्षाओं पर चर्चा कर सकते है । वाचा एवं भाषा विकास को संबध्द विकलांगताओं से भी बाधा/अवरोध हो सकता है ।


सर्जरी में क्या अंतर्भूत होता है ?

कॉक्लिअर इम्प्लांट सर्जरी के लिए एक या देढ़ घंटा लग सकता है । सर्जन कान के पिना के पीछे एक छेद करके कॉक्लिआ के अन्दर इलेक्ट्रोडस तथा कान के पीछेवाले मास्टोईड हड्डी में रिसीवर स्टिम्युलेटर पैकेज का रोपण करते है । रुग्ण को शल्यचिकित्सा के बाद 2-3 दिनों तक हॉस्पिटल में रहना पडता है ।


क्या सर्जरी के पश्चात इम्प्लाटी तुरंत सुन सकता है ?

सर्जरी के पश्चात रुग्ण को जख्म ठीक होने तक रुकना पडता है । इस अवधि के दौरान कान का बाहरी हिस्सा सुनाई देने में सक्षम न होने के कारण सर्जरी किए हुए व्यक्ति को कॉक्लिअर इम्प्लान्ट द्वारा सुनाई नहीं देता है । यह हिस्सा ठीक होने के बाद प्रोगाम और प्रोसेसर को पहली बार प्रोग्रामड् या मैप किया जाता है । इसे 'स्वीच' ऑन कहा जाता है ।


क्या कॉक्लिअर इम्प्लान्ट श्रवण बाधित बच्चों में सामान्य श्रवण को पुनः स्थापित कर सकता है ?

नहीं, कॉक्लिअर इम्प्लान्ट से सामान्य श्रवण पुनःस्थापित नहीं हो सकता । यह एक संचार/संप्रेषण उपकरण है, श्रवण दोष का उपाय/इलाज नहीं । स्पीच एवं लैंग्वेज थेरपी एवं ऑडिटरी वर्बल थेरपी के साथ पूरक ध्वनि इम्प्लान्ट की सहायता से बच्चों को आवाज पहचानने के साथ संप्रेषण में वाचा का प्रयोग और शिक्षा के प्रयोजनों के लिए उपयोग करने हेतु मदद हो सकती है ।


क्या बच्चों की कॉक्लिअर इम्प्लान्ट सर्जरी में कोई जोखिम है ?

सामान्य अनेस्थिशिया की जरुरत किसी भी सर्जरी में निहित है । कोई भी सर्जरी में होनेवाली जोखिम इसमें भी अंतनिर्हित है । तथापि कॉक्लिअर इम्प्लान्ट सर्जरी में जोखिम कम होती है और अधिकांश पेशन्ट को अस्पताल में कम समय तक रहने की आवश्यकता होती है और सर्जिकल जटिलताएं नहीं होती है । सर्जिकल जटिलताएं लगभग 5% तक हो सकती है ।


नई प्रौद्योगिकी उपलब्ध होने पर क्या मेरे बच्चे की फिर से सर्जरी करने की जरुरत होगी ?

प्रत्यारोपित किया गया यूनिट जीवनभर (लाइफ टाइम) के लिए बनाया/डिजाइन किया गया है । बाहर से पहना गया स्पीच प्रोसेसर, जो ध्वनि/आवाज को कोड में परिवर्तित करने और एक आंतरिक यूनिट में सूचना भेजने के लिए जिम्मेदार है, जो सॉफ्टवेयर है उसे प्रगत किया जा सकता है के रुप में प्रौद्योगिकी में सुधार पर निर्भर है ।


मेरा बच्चा बडा होने पर क्या उसका आन्तरिक डिवाइस उसके लिए छोटा पड़ेगा और उसे नया लगाने की आवश्यकता होगी ?

नहीं, जन्मतः कॉक्लिया पूरी तरह से संशयित होता है और 2 साल की उम्र की खोपडी की संरचना लगभग पूरी तरह विकसित होती है । बच्चों में खोपडी की वृध्दि/को समायोजित करने के लिए इलेक्ट्रोड को क्रमबध्द/सुव्यवस्थित डिजाइन किया गया है ।


कॉक्लिअर इम्प्लान्ट से किस तरह के परिणामों की अपेक्षा की जा सकती है ?

किसी भी चिकित्सा प्रक्रिया के रुप में सर्जरी के पहले इम्प्लान्टेशन के परिणाम का पूर्वानुमान नहीं लगाया जा सकता है और प्राप्तकर्ताओं के परिणाम की एक विस्तृत श्रृंखला का अनुभव हो सकता है । व्यक्तियों के लिए जो बोलना सीखने के पश्चात श्रवण –हास हुआ है उसे रोपण (इम्प्लान्टेशन) के पश्चात वाचा एवं ध्वनि आकलन शुरुआत में बहुत ही भिन्न होगा जो उन्होंने श्रवण –हास के पहले सुना होगा । कॉक्लिअर इम्प्लान्ट का कई महीने या अधिक समय के लिए उपयोग करने के बाद व्यक्ति अक्सर यह कहते है कि वह जो आवाज/स्पीच का अनुभव करते है वो अधिक प्राकृतिक या परिचित लगता है । आवाजों के करीब लगते है । बच्चे और वयस्कों दोनों के परिणामों को अनेक घटक प्रभावित करते है, सामान्यतः, जन्मतः श्रवणदोष बाधित बच्चे का इम्प्लान्टेशन करने से वाचा आकलन एवं वाचा तथा भाषा विकास के क्षेत्र में बेहतर लाभ प्राप्त किये जा सकते है । वयस्कों के रोपण निष्पत्ती के लिए जिनके श्रवण दोष का आरंभ और रोपण (इम्प्लान्टेशन) तक के अवधि की दूरी पूर्वानुमान कारक/घटक होते है । जिनकी श्रवण दोष की अवधि कम होती है उनका परिणाम बेहतर अनुभव होता है जैसे कि शीघ्रता से रोपण का परिणाम बेहतर लाभदायक होता है । जैसे कम उम्र में रोपण (इम्प्लान्ट) करने से बेहतर लाभ प्राप्त कर सकते है ।


एक बार जब बच्चा कॉक्लिअर इम्प्लान्ट प्रत्यारोपण करता है, क्या उनकी प्रक्रिया वहीं पर खत्म हो जाती है ?

कॉक्लिअर इम्प्लान्ट का प्रयोग करना यह जीवनभर की प्रतिबध्दता है और प्राप्तकर्ता को बनाए रखने और इम्प्लान्ट की देखभाल तथा सावधानी बरतने की आवश्यकता होती है । एक व्यक्तिगत प्रत्यारोपण प्राप्त करने के बाद उन्हें केन्द्र पर अनुवर्ती सेवाएं, जिसमें इम्प्लान्ट के बाहरी घटकों की फिटिंग, इम्प्लान्ट और इसके माइक्रोफोन, स्पीच प्रोसेसर और ट्रान्समीटर की सक्रियता (एक्टिवेशन) और प्रोग्रामिंग के लिए तथा आवश्यक समायोजन एवं रिप्रोग्रामिंग और वार्षिक चेक-अप के लिए फिर से आना होगा । इसके अलावा, इम्प्लान्ट प्राप्तकर्ता को टीम सदस्यों के साथ पुनर्वास सेवाओं के लिए गुजरना पड़ता है । बच्चों को व्यापक/अधिकतम वर्षो के लिए श्रवण संबंधी पुनर्वसन की अवश्यकता होती है जबकि वयस्कों जो अधिग्रहित बधिरता के कारण उन्हें कम पुनर्वास सत्रों की आवश्यकता हो सकती है ।


कॉक्लिअर इम्प्लान्ट किए हुए बच्चे क्या पर्यावरण के शोर/आवाजों और वाचा को पहचान सकते है ?

कॉक्लिअर इम्प्लान्ट ध्वनि/आवाज संबंधी जानकारी की एक विस्तृत श्रृंखला प्रदान करता हैं । वाचा आकलन परीक्षण का परफोरमन्स व्यक्तियों के बीच भिन्न-भिन्न पाया जाता है । समय के साथ और प्रशिक्षण से अधिकतर पेशंट को श्रवण यंत्र के बिना वाणी/स्पीच समझ में आती है और बहुतसे व्यक्ति टेलीफोन पर संभाषण करते है तथा संगीत का आनंद लेते है ।


क्या कॉक्लिअर प्रत्यारोपण किए गए बच्चे पानी में तैरना, फुहार में नहाना और अन्य खेल में सहभाग ले सकते है ?

हाँ, कॉक्लिअर इम्प्लान्टेड व्यक्ति कान के बाहरी उपकरण पहने बिना तैरना, फुहार में नहाना और वस्तुतः सभी प्रकार की खेल गतिविधियों में सहभागी हो सकते है । आप तैरने से पहले या बाल गीले होने से पहले अपना श्रवण यंत्र निकाल सकते है, आप बाहरी घटकों को निकाल सकते है (प्रोसेसर एवं हेडपीस) सभी एंथलेटिक गतिविधियों में हिस्सा लेने के लिए रोक नही है, लेकिन यद्यपि हमेशा सिर पर सुरक्षात्मक टोपी पहनने की सिफारिश की जाती है ।


ध्वनि प्रोसेसर रात में निकाल सकते है ?

हाँ, लेकिन इसकी बैटरी बचाने के लिए इसे बंद करना चाहिए । कुछ उपयोगकर्ता सारी रात ध्वनि प्रोसेसर पहनते है ताकि वे सुन सके ।


कॉक्लिअर इम्प्लान्ट से बच्चे को अधिकतर लाभ मिलने के लिए कितना समय लगता है ?

आपका बच्चा कितने समय तक श्रवण के बगैर रहा है इस पर निर्भर करता है । आपके बच्चे का श्रवण दोष वाचा और भाषा अधिग्रहण से पहले या बाद में खो दिया है पर निर्भर करता है ।तथापि इम्प्लान्ट करने के पश्चात बच्चे की ध्वनियों को समझने व्याख्या करने की क्षमता में तेजी से वृध्दि होती है ।


कॉक्लिअर इम्प्लान्ट करने के बाद कौनसी ध्वनियाँ/आवाज सुन सकते है ?

आपका बच्चा शायद मध्यम से उच्च तीव्रता वाले ध्वनि सुन सकते है । पेशंट्स अक्सर बताते है कि वे चलने आहट/ आवाजें, दरवाजा बंद करने क आवाज, टेलीफोन की रिंगिंग बेल, कार इंजन की आवाज, कुत्ते का भौंकना, पटाखों की आवाज और विभिन्न अन्य पर्यावरणीय ध्वनियों सुन सकते हैं ।


कॉक्लिअर इम्प्लान्ट के साथ मेरे बच्चे का एक्स-रे या सीटी स्कैन करना संभव हो सकता है ।

हां, इन प्रक्रियाओं को आपके बच्चे के साथ सुरक्षित रुप से किया जा सकता है । आप बाहरी भागों निकाल सकते है । (प्रोसेसर और हेडपीस)


कॉक्लियर इम्प्लान्ट के साथ एमआरआई किया जा सकता है ।

हां, प्रतिबंध के साथ। कॉक्लिअर इम्प्लान्ट का आंतरिक डिवाइस में एक चुंबक होता है उसे हटाया ह सकता हैं । ताकि आप किसी विशिष्ट एम आर आई मशीन के माध्यम से जा सकते है ।

यदि आपको एम आर आई करने की जरुरत पड़ती है उस समय आप अपने डॉक्टर/कॉक्लिअर इम्प्लान्ट केन्द्र के साथ अपने विकल्पों पर विचार-विमर्श कीजिए ।